दिल्लगी

प्यारी बेटियां

हर आंगन की शान होतीं हैं, ये बेटियां,
अपने बाबुल का मान होतीं हैं, ये बेटियां

किसी रोते चेहरे की मुस्कान  के जैसी,
तपते रेगिस्तान मे फुहार हैं,  ये बेटियां

हमारे गम से नम हो जाती हैं इनकी आँखें,
ऐसी भावुक होती हैं, ये बेटियां

प्यार के रंग बिखेर देती हैं जीवन में,
इतनी प्यारी होतीं हैं, ये बेटियां

खुद को बचाने के लिए बन सकती हैं दुर्गा,
बडी हिम्मतवाली होतीं हैं,  ये बेटियां

जिन्दगी अधुरी होती इनके बिना,
किस्मत वाले हैं जिनके पास हैं, ये बेटियां

आंगन फिर  सूना कर जाएगी एक दिन,
अपनी होते हुए भी पराई होतीं हैं, ये बेटियां !

©®कुसुम गोस्वामी

(चित्र सौजन्य: इंटरनेट)

Advertisements

4 thoughts on “प्यारी बेटियां”

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.