उपन्यास-मेघना

मायापुरी में मेघना

देश की प्रथम हिंदी बॉलीवुड मैगज़ीन मायापुरी में उपन्यास मेघना की समीक्षा: फ़िल्मी दुनिया की बहुचर्चित पत्रिका मायापुरी पढ़ने का शौक़ हममें से अधिकतर को बचपन से रहा होगा। कभी सोचा नहीं था कि एक दिन इसमें जगह मिलेगी, वो भी उपन्यास मेघना की लेखिका के रूप में और मेघना में वेब सीरीज़ या ओटीटी… Continue reading मायापुरी में मेघना

उपन्यास-मेघना

पुस्तक समीक्षा- मेघना

--- पुस्तक समीक्षा --- उपन्यास - मेघना लेखिका - कुसुम गोस्वामी * हमारे हाथों में एक अनमोल तोहफ़ा है आज जिसे बेहद ख़ूबसूरत नीले लिबास में हमने पाया। इस तोहफ़े का नाम है "मेघना"। कोई उपन्यास गहन चिंतन और मनन के बाद ही अपना स्वरूप ग्रहण करता है।मेघना नामक यह उपन्यास हमें एक विराट कैनवास… Continue reading पुस्तक समीक्षा- मेघना

उपन्यास-मेघना

पुस्तकें- हमारी सच्ची मित्र

किताबें सुख-दुख की साथी होती हैं जैसे कोई छुटपन का संगी। दुख के समय ये हिम्मत देती हैं लहलहाकर, गलबहियाँ डाल सारी उदासी दूर खदेड़ देती हैं। खुशियों के पलों में होठों की मुस्कान को दोगुना चौड़ा कर देती हैं। इनके साथ आहिस्ता-आहिस्ता आत्मीय संबंध बनता जाता है। ये कभी अकेलेपन का अहसास नहीं होने… Continue reading पुस्तकें- हमारी सच्ची मित्र

हम हिंदुस्तानी

प्रतिभा किसी की मोहताज नहीं

जिस पॉपकॉर्न और कोल्डड्रिंक को हम बाहर 30-30 रुपये में पीते हैं उसकी कीमत उछलकर अचानक सिनेमा हॉल में 300-400 तक पहुंच जाती है।और टिकटों के आसमान छूते मूल्यों का क्या कहना। एक स्टार को स्टार, आम से ख़ास हम ही बनाते हैं। लखपति से करोड़पति फिर अरबपति हमारी जेब से झड़े पैसे ही बनाते… Continue reading प्रतिभा किसी की मोहताज नहीं

दिल्लगी

प्यार

प्यार.... किसी के लिए अनमोल होता है किसी के लिए खेल होता है जिसे मिला वही समझे इसकी माया दूर से से तो सोना भी पीतल लगता है © कुसुम गोस्वामी 'किम' (चित्र सौजन्य: इंटरनेट)

दिल्लगी

तर्क-कुतर्क

किसी के तर्क को अपने कुतर्क से ! हराने की कोशिश करते है जो लोग !! बड़ी चतुराई से उछल - उछल कर ! अपना ओछापन बयां करते हैं वो लोग !! कुसुम गोस्वामी ‘किम’ (चित्र सौजन्य: इंटरनेट)

दिल्लगी

फुर्सत के लम्हे

दिन है २४ घंटे के काम है ४८ घंटे के ! भागम -भाग भरी जिंदगी में फुर्सत के लम्हे, मिलते है मुश्किल से ! कुसुम गोस्वामी ‘किम’ (चित्र सौजन्य: इंटरनेट)

दिल्लगी

खुद से प्यार

जो खुद से प्यार हैं करते वो दूसरों से ईर्ष्या नहीं करते ! जो दूसरों से ईर्ष्या हैं करते वो खुद से प्यार नहीं करते ! कुसुम गोस्वामी 'किम' (चित्र सौजन्य: इंटरनेट)

दिल्लगी

खुशियों के रंग

खुशी है एक उमंग, खुशी है जल तरंग ! खुशी है बारिश की रिमझिम, खुशी है तारों की टिमटिम ! खुशी है उनका प्यार, खुशी है उसका इजहार ! खुशी है चिड़ियो का चहकना, खुशी है मोर का नाचना ! खुशी है मधुर संगीत सुनना, खुशी है मीठी धुन पे थिरकना ! खुशी है मस्त… Continue reading खुशियों के रंग

दिल्लगी

खुद पर कर एतबार

हारकर जीवन में न होंगे हताश, जीत की जारी रखेंगे सदा तलाश माना किस्मत पर नहीं है अपना ज़ोर, पर चल तो सकते हैं मंजिल की ओर जीवन रस में घोलें खुशियों की मिठास , कभी तो रंग लाएगा अपना एक प्रयास मुश्किलों की खड़ी होंगी जब कई दीवार, हौसलों की बनाएंगे मजबूत ऊंची मीनार… Continue reading खुद पर कर एतबार

हम हिंदुस्तानी

Budget Highlights 2020

1. बजट-2020 का सार: 2. रुपया कहां से आता है: 3. रुपया कहां जाता है: 4. बजट की रूपरेखा: 5. आयकर संबंधी सुझाव: आयकर दरों में लंबे समय बाद कटौती की गई है, हालांकि इसे वैकल्पिक रखा गया है। टैक्स स्लैब में बदलाव को भारी राहत बताने वालों  को ये भी स्पष्ट कर देना चाहिए… Continue reading Budget Highlights 2020